पाकिस्तान ने बालाकोट एयर स्ट्राइक की संयुक्त राष्ट्र से की हास्यस्पद शिकायत, कीमत लगाया 10 लाख

0
30
एयर स्ट्राइक के बाद का दृश्य.

 

इस्लामाबाद : बालाकोट एयर स्ट्राइक के बाद पाकिस्तान की मनोदशा विचित्र हो गयी है. वह अबतक यह स्वीकार नहीं कर पा रहा है भारत ने उसके मुल्क में जैश-ए-मोहम्मद के सबसे बड़े आतंकी ठिकाने को नष्ट कर दिया. पाकिस्तान के क्लइमेट चेंज मिनिस्ट्री ने शुक्रवार को अपनी सरकार की ओर से संयुक्त राष्ट्र पर्यावरण कार्यक्रम यूएनइपी को इस संबंध में लिखित शिकायत कर कहा है है कि भारत द्वारा 26 फरवरी को की गयी कार्रवाई से पर्यावरण को नुकसान पहुंचा है, इससे कई पेड़-पौधे क्षतिग्रस्त हो गये हैं.

पाकिंस्तान की सरकार की ओर से उसके पर्यावरण मंत्री मलिक अमीन असलम खान ने पत्र लिखा है और भारतीय वायुसेना के एयर स्ट्राइक को पर्यावरण के खिलाफ स्ट्राइक बताया है और इससे 10 लाख रुपये की क्षति होने का अनुमान पेश किया है. संयुक्त राष्ट्र की पर्यावरण इकाई को की गयी अपनी शिकायत में पाकिस्तान ने कहा है कि भारतीय वायुसेना गलत ढंग से उसकी सीमा में घुस गया और बम गिरा कर पेड़ों व पर्यावरण को गंभीर नुकसान पहुंचाया है. उसके अनुसार, इससे वन संपदा की क्षति हुई है.

बालाकोट पाकिस्तान के खैबर पख्तूनवा प्रांत में स्थित है. ऐसे में पत्र में पाकिस्तान ने खैबर पख्तूनवा फाॅरेस्ट आर्डिनेंस 2002 का उदाहरण दिया है. इसके हवाले से पाकिस्तान ने कहा है कि इस अपराध के लिए अधिकतम दो साल और न्यूनतम एक साल की सजा का प्रावधान है. पाकिस्तान ने कहा है कि इससे खैबर पख्तूनवा के बिलियन ट्री सूनामी प्रोजेक्ट को नुकसान पहुंचा है, जिसके तहत राज्य सरकार छह लाख हैक्टेयर भूमि में जंगल लगवाने का काम कर रही है.

पाकिस्तान ने कहा है कि इस प्रोजेक्ट को अंतरराष्ट्रीय पहचान मिली है और अंतरराष्ट्रीय संस्थाओं ने इसकी प्रशंसा की है. यूनियन फाॅर कन्जर्वेशन, वल्र्ड वाइड फंड फाॅर नेचर एवं वल्र्ड इकोनाॅमिक फोरम ने इसकी प्रशंसा की है. पाकिस्तान ने इसे इको टेररिज्म भी बताया है.

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here